89d

मुंबई : मुंबई महानगरपालिका की नाले सफाई के कार्यों में सुस्ती और लापरवाही को लेकर मंगलवार को स्थायी समिति की बैठक में प्रशासन को जमकर घेरा गया। इस दौरान स्थायी समिति अध्यक्ष प्रभाकर शिंदे ने ठेकेदारों को चेतावनी देते हुए कहा कि नालेसफाई के काम में जो भी गड़बड़ी करेगा उसे सीधे जेल भेजा जाएगा।

स्थाई समिति बैठक में मनपा प्रशासन ने नालेसफाई कार्यों की रिपोर्ट पेश करते हुए दावा किया कि विभिन्न परिमंडलों में 70 से 75 प्रतिशत तक सफाई का काम पूरा हो चुका है। हालांकि इस दावे पर समिति के सदस्यों ने कड़ी आपत्ति जताई। सभागृह नेता गणेश खणकर ने कहा कि शहर के कई इलाकों में अब तक नालेसफाई का काम शुरू ही नहीं हुआ है। उन्होंने आरोप लगाया कि नालों के किनारे अवैध झोपड़ियां बनने से सफाई कार्य में बाधा आ रही है, जबकि नालों में खुलेआम मलबा डाला जा रहा है और संबंधित अधिकारी इस पर ध्यान नहीं दे रहे।

सभागृह नेता गणेश खनकर ने कहा कि नालों के किनारे बड़े पैमाने पर मलबा डाला जा रहा है और झोपड़ियां बनाई जा रही हैं। यही झोपड़ियां नालों में कचरा फेंक कर जल निकासी व्यवस्था को बाधित कर रही हैं। उन्होंने मांग की कि सैटेलाइट इमेज के जरिए जांच की जाए कि नालों के किनारे झोपड़ियां कब और कैसे बनीं। उन्होंने कहा कि जमीन राज्य सरकार, म्हाडा या किसी अन्य विभाग की हो, लेकिन अवैध निर्माणों पर कार्रवाई करने की जिम्मेदारी बीएमसी की है। दहिसर और गोवंडी क्षेत्र के नाला सफाई कार्यों को लेकर हरकती का मुद्दा उठाते हुए कई सदस्यों ने प्रशासन पर सवाल खड़े किए। शिवसेना के यशोधर फणसे ने आरोप लगाया कि पश्चिम उपनगरों में बीजेपी के दौरे वाले दिन ही नाला सफाई शुरू की गई।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *